लखीमपुर खीरी केस में केंद्रीय मंत्री अजय कुमार मिश्रा टेनी के बेटे आशीष मिश्रा को सभी मामलों में मिली जमानत

साल 2021 के अक्टूबर महीने में यूपी के लखीमपुर खीरी में हुई हिंसा के दौरान 8 लोगों की मौत हो गई थी। इस केस में उत्तर प्रदेश पुलिस ने केंद्रीय मंत्री अजय कुमार मिश्रा टेनी के बेटे अशीष मिश्रा उर्फ मोनू और उसके साथियों को आरोपी बनाया था। अब इस केस में मंत्री पुत्र को जमानत मिल गई है।

यूपी के लखीमप खीरी केस जिले में पिछले साल अक्टूबर में हुई किसान आंदोलन के दौरान हुई हिंसा में मुख्य आरोपी आशीष मिश्रा को जमानत के आदेश मिलने के बाद जेल से रिहा किया जा सकता है। दरअसल इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ पीठ ने आशीष मिश्रा की जमानत के आदेश 302 और 120 बी की धाराएं जोड़कर नया आदेश जारी किया है। वहीं इससे पहले कोर्ट ने उन्हें सभी धाराओं में जमानत नहीं दी थी। अब माना जा रहा है कि नए आदेश के बाद मंत्री पुत्र को कल तक रिहा किया जा सकता है। आपको बता दें इस मामले में अशीष मिश्रा पिछले 129 दिनों से कारागार में बंद है।

दरअसल कोर्ट में दायर आरोप पत्र में आशीष मिश्रा पर भारतीय दंड संहिता की धारा 147 148 149 302 307 326 427 34 और 120 बी के साथ-साथ आर्म्स एक्ट की धारा 3/25,5/27 और 30 के तहत मिश्रा को जमानत दे दी थी। लेकिन अदालत ने जो आदेश दिया था उस मैं भारतीय दंड संहिता की धारा 302 और 120 बी का कोई जिक्र नहीं किया गया था आपको बता दें यह दोनों धाराएं हत्या और आपराधिक साजिश से संबंधित हैं।

क्या है पूरा मामला

साल 2021 के अक्टूबर महीने में उत्तर प्रदेश के लखीमपुर खीरी हिंसा में 8 लोगों की मौत हो गई थी । कृषि कानूनों का विरोध कर रहे किसान यूपी के उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्या के क्षेत्र के दौरे के खिलाफ विरोध प्रदर्शन करने जा रहे थे। वही एक एसयूवी की चपेट में आने के बाद 4 किसानों की मौत हो गई थी। जिसके बाद जमकर बवाल मचा। इस घटना में एक पत्रकार सहित दो बीजेपी कार्यकर्ताओं सहित कुल आठ लोगों की मौत हो गई थी। विपक्ष के विरोध के बाद आशीष मिश्रा को पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था।

3 अक्टूबर को हुई हिंसा में अशीष मिश्रा को मुख्य आरोपी बनाया गया था और उसे 8 अक्टूबर को पूछताछ के लिए पुलिस लाइन बुलाया गया था। पुलिस ने बाद में अशीष मिश्रा को गिरफ्तार किया था गिरफ्तारी के बाद से ही वह जेल में बंद है और पिछले 129 दिनों से जेल में ही है। वही मंत्री पुत्र के साथी भी जेल में बंद हैं।

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