“हमें सख्त आदेश देने के लिए विवश मत कीजिए” दिल्ली में ऑक्सीज़न सप्लाई में कमी पर सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र को लगाई फटकार 

दिल्ली में ऑक्सीज़न सप्लाई में कमी होने पर सुप्रीम कोर्ट ने सख्ती अपनाते हुए कहा कि दिल्ली को प्रतिदिन 700 मीट्रिक टन ऑक्सीज़न सप्लाई करने का आदेश दिया गया है। वह आदेश एक दिन के लिए नहीं था। इसकी आपूर्ति हर रोज की जाए।

दिल्ली के ऑक्सीजेन सकंट पर सुप्रीम कोर्ट सख्त रवैया अपनाना शुरू कर दिया है। सुप्रीम कोर्ट ने आज की सुनवाई में कहा कि दिल्ली को रोजाना 700 मीट्रिक टन ऑक्सीज़न की आपूर्ति हो जानी चाहिए । वरना कोर्ट को कड़े आदेश देने पड़ सकते हैं ।

दरअसल जस्टिस डीवाई चंद्रचूड़ और एमआर शाह की पीठ को बताया गया कि दिल्ली को आज भी 700 मीट्रिक टन से कम यानि 527 मैट्रिक टन ऑक्सीज़न की आपूर्ति हुई है।

जस्टिस शाह ने कहा कि हमने कोर्ट के अगले आदेश तक दिल्ली में 700 मीट्रिक टन ऑक्सीजन की आपूर्ति करने का आदेश दिया है। तो इसका मतलब स्पस्ट है कि दिल्ली को रोजाना ही 700 मीट्रिक टन ऑक्सीज़न मिलनी चाहिए। आपने कोर्ट को खुश करने के लिए सिर्फ एक दिन की 700 मीट्रिक टन ऑक्सीज़न की आपूर्ति की। यह आदेश केवल एक दिन के लिए नहीं था। 700 मेट्रिक टन ऑक्सीजेन की आपूर्ति प्रतिदिन होनी चाहिए।

ये भी पढ़ें ,त्रिपुरा: शादी में कोरोना प्रोटोकॉल का उल्लंघन करने वालों पर सख्ती बरतने वाले डीएम शैलेश यादव का हुआ तबादला

आप को बता दे कि दिल्ली में ऑक्सीज़न की काफी किल्लत है। बहुत से मामलो में ऑक्सीज़न की कमी के कारण मरीजों को अपनी जान गवानी पड़ रही है । इसके चलते बहुत से अस्पतालों ने कोर्ट का रुख किया। जिस कारण दिल्ली को प्रतिदिन 700 मीट्रिक टन ऑक्सीजेन का आदेश मिला। लेकिन केंद्र ने एक दिन 700 मीट्रिक टन सप्लाई के बाद फिर से ऑक्सीज़न की सप्लाई घटा दी । इसलिए कोर्ट द्वारा सख्त रवैया अपनाया गया।

Comments

Translate »