विराट कोहली अंडे खाने वाले बयान पर फंसे, लोगों ने किए सवाल तो देनी पड़ी सफाई,जानिए उन्होंने क्या कहा

टीम इंडिया के कप्तान विराट कोहली के अंडे खाने वाले बयान के बाद सोशल मीडिया पर काफी लोग सवाल कर रहे हैं कि आप तो शुद्ध शाकाहारी हैं और अंडे कैसे खा सकते हैं ? जिसके जवाब में विराट कोहली ने सही तरीके से अपने फैंस को समझाया।

अपने ही ब्यान पर घिरे विराट कोहली

किंग कोहली ने पिछले दिनों अपनी डाइट को लेकर फैंस को जानकारी दी थी। उन्होंने कहा था कि वह है अंडे के साथ भी  बहुत सारी सब्जियां खाते हैं। विराट कोहली के इस बयान के बाद सोशल मीडिया पर बवाल मच गया है। लोगों ने सवाल उठाए हैं कि भारतीय कप्तान तो खुद को शुद्ध शाकाहारी बताते हैं फिर वह अंडे कैसे खा सकते हैं। लोगों ने इस बारे में पोस्ट शेयर की। जब ज्यादा मामला बढ़ने लगा तो विराट कोहली का जवाब आया।

अंडे खाने को लेकर दिया था ब्यान

कोहली ने अपनी सफाई देते हुए कहा कि वे शुद्ध शाकाहारी नहीं बल्कि शाकाहारी हैं। कप्तान कोहली ने एक ट्वीट किया और बताया ,” मैंने कभी भी दावा नहीं किया कि मैं विजन हूं । हमेशा बताया है कि मैं शाकाहारी हूं। गहरी सांस लो और अपनी सब्जियां खाइए। (अगर आप खा सकते हैं तो ।) ”

जानिए कहां से शुरू हुआ था झमेला

लेकिन विराट कोहली की शुद्ध शाकाहारी या वेजिटेरियन होने की कन्फ्यूजन हुई कैसे? सबसे पहले इस बारे में जान लें। दरअसल भारतीय टीम के कप्तान विराट कोहली ने पिछले दिनों अपने फैंस के साथ सोशल मीडिया इंस्टाग्राम पर सवाल जवाब का एक सेशन चलाया था। जिसमें उनसे उनके खाने के बारे में पूछा गया था। तब कप्तान कोहली ने कहा था,” बहुत सारी सब्जियां कुछ अंडे और दो कप कॉफी, काफी सारी पालक और डोसा भी पसंद है। लेकिन सब सीमित मात्रा में।”  इसके बाद ही सारा मामला शुरू हुआ। लेकिन इससे पहले पिछले साल विराट कोहली  इंग्लैंड के पूर्व क्रिकेटर केविन पीटरसन से हुई मुलाकात में डाइट को लेकर बात की थी। इसी बातचीत से उनके शुद्ध शाकाहारी होने का अनुमान लगाया गया।

सर्वाइकल स्पाइन में दिक्क्त के बाद छोड़ा था मांस

भारतीय टीम के कप्तान विराट कोहली ने मीट छोड़ने की वजह बताते हुए कहा था, ” इंग्लैंड टेस्ट सीरीज के बाद मैंने मीट खाना छोड़ दिया था। 2018 में जब हम साउथ अफ्रीका गए तो टेस्ट मैच खेलने के दौरान मेरी सर्वाइकल स्पाइन में दिक्कत हो गई थी। इसमें मेरे दाएं हाथ की छोटी उंगली तक आने वाली एक नस दब गई थी। इसके चलते मुझे दर्द महसूस हुआ और मुझे अपनी उंगली बड़ी मुश्किल से महसूस हो रही थी। मैं रात में सो नहीं पाया और यह बुरी तरह दर्द कर रही थी।”

विराट ने आगे कहा,” फिर मैंने अपने टेस्ट करवाए और मेरा पेट और शरीर काफी एसिडिक था। इसके चलते काफी ज्यादा यूरिक एसिड बन रहा था। हालांकि मैं कैल्शियम और मैग्नीशियम ले रहा था लेकिन एक टेबलेट मेरे शरीर के सही से काम करने के लिए काफी नहीं थी। मेरा पेट हड्डियों से कैल्शियम खींचने लगा था और हड्डियां कमजोर हो गई थी। इसी वजह से मैंने इंग्लैंड के दौरे के बीच में अपना यूरिक एसिड कम करने के लिए मांस खाना पूरी तरह छोड़ दिया था। सच कहूं, इसके बाद काफी अच्छा महसूस हुआ। मुझे काफी शानदार लग रहा है। 2 साल हो चुके हैं।  यह मेरे बेहतरीन फैसलों में से एक है। ऐसा करने के बाद मुझे लगा कि यह मैंने पहले क्यों नहीं किया।”

क्या होता है विगन

कप्तान विराट कोहली के इसी बयान को लेकर लोगों ने उन्हें घेरा कि वह शुद्ध शाकाहारी हैं। जबकि उन्होंने केवल मांस खाना छोड़ा था। वैसे शुद्ध शाकाहारी पद्धति अपनाने वाले लोग जानवरों से मिलने वाली किसी चीज को नहीं खाते पीते हैं। इसके तहत वह दूध दही अंडे नहीं खाते। दूध के विकल्प में भी सोया मिल्क या अलमेंड मिल्क लेते हैं। शुद्ध शाकाहारी व्यक्ति पूरी तरह से वनस्पति से मिलने वाली चीजें पर आश्रित रहता है।

Comments

Translate »